सभी गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो में चावल वितरण का आज एक साथ 15 जिलों में शुभारंभ

मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के अंतर्गत राज्य के सभी गरीब परिवारों को तीन रूपए प्रति किलो की दर से चावल वितरण का शुभारंभ राज्य के 15 जिलों में समारोह पूर्वक 16 जनवरी को एक साथ होने जा रहा है। समारोह में अतिथियों द्वारा योजना में शामिल राशन कार्ड धारक गरीब परिवारों को चावल का वितरण भी किया जाएगा। पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा वरिष्ठ नेता श्री राजनाथ सिंह लालबहादुर शास्त्री स्कूल मैदान बिलासपुर में आयोजित समारोह में गरीब परिवारों को चावल का वितरण कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगे। पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्रीमती सुषमा स्वराज राजधानी रायपुर के सप्रे शाला मैदान में गरीब परिवारों को चावल वितरण योजना का शुभारंभ करेंगी। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह कवर्धा के गांधी मैदान में चावल वितरण योजना का शुभारंभ करेंगे।
Rice at 3Rice at 3
पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा वरिष्ठ नेता डॉ. मुरली मनोहर जोशी जांजगीर-चांपा के शासकीय हाईस्कूल मैदान में आयोजित समारोह के मुख्य अतिथि होंगे। पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा वरिष्ठ नेता श्री वैंकय्या नायडू रायगढ़ के रामलीला मैदान में योजना का शुभारंभ करेंगे। पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री बंगारू दत्तात्रेय दक्षिण बस्तर (दंतेवाड़ा) के हाई स्कूल मैदान में समारोह का शुभारंभ करेंगे। पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री रविशंकर प्रसाद कोरिया के रामानुज स्कूल ग्राउण्ड में आयोजित समारोह में गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो चावल वितरण योजना का शुभारंभ करेंगे। पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री विक्रम वर्मा शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला मैदान धमतरी में आयोजित कार्यक्रम के मुख्य अतिथि होंगे।

गुजरात के मुख्यमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी अंबिकापुर के कला केन्द्र मैदान में आयोजित समारोह के मुख्य अतिथि रहेंगे। राजस्थान की मुख्यमंत्री श्रीमती वसुन्धरा राजे सिंधिया दुर्ग के पुलिस परेड ग्राउण्ड में आयोजित समारोह की मुख्य अतिथि होंगी। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान राजनांदगांव के सर्वेश्वर दास उच्चतर माध्यमिक शाला मैदान में आयोजित समारोह में गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो के चावल का वितरण योजना का शुभारंभ करेंगे। उत्तरांचल के मुख्यमंत्री श्री भूवनचन्द्र खण्डूरी कोरबा के सी.एस.ई.बी. ग्राउण्ड में आयोजित समारोह के मुख्य अतिथि होंगे।

महाराष्ट्र के पूर्व उप मुख्यमंत्री श्री गोपीनाथ मुण्डे महासमुन्द के बालक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मैदान में आयोजित समारोह के मुख्य अतिथि होंगे। बिहार के उप मुख्यमंत्री श्री सुशील कुमार मोदी कांकेर के मेला मैदान में आयोजित समारोह में गरीबों को चावल वितरण योजना का शुभारंभ करेंगे। झारखण्ड के पूर्व मुख्यमंत्री श्री अर्जुन मुण्डा जशपुर के बलराम सभा मंच बजार डांड में योजना का शुभारंभ करेंगे।

Rice@3 at Raipur near airport Mana, CM Food Help Sceme

माना के निकट टेमरी गांव में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना में चावल लेकर जाते ग्रामीण।
Scene at RaipurScene at Raipur

Rice@3 at Raipur ceremonyRice@3 at Raipur ceremony, CM Food Help Sceme

Rice@3 History in Making 3 रु किलो चांवल रचा जाएगा इतिहास

मुख्‍यमंत्री खाद्यान्‍न सहायता योजना छत्‍तीसगढ़ हर गरीब परिवार के लिए
पेट भर खाओ : ससन भर कमाओ
हर गरीब को 3 रू. किलो चावल आज से 16.01.08
करीब 34 लाख्‍ा गरीब परिवारों को हर माह 35 किलो चावल

श्री राजनाथ सिंह सहित 15 वरिष्‍ठ नेता 15 जिलों में उद्घाटन करने पहुंचेगे

| श्री राजनाथ सिंह - बिलासपुर | श्री वेंकय्या नायडू - रायगढ़ | श्री रविशंकर प्रसाद - कोरिया | श्री मुरलीमनोहर जोशी - जांजगीर चांपा | श्रीमती सु्षमा स्‍वराज - रायपुर | श्री बंडारू दत्‍तात्रय - दंतेवाड़ा | श्री नरेन्‍द्र मोदी - अंबिकापुर | श्रीमती वसुन्‍धरा राजे सिंधिया - दुर्ग | श्री शिवराज सिंह चौहान - राजनांदगांव | श्री सुशील मोदी - कांकेर | श्री भुवनचंद खंडूरी - कोरबा | श्री गोपीनाथ मुंडे - महासमुंद | श्री अर्जन मुंडा - जशपुर | श्री नरेन्‍द्र तोमर - कबीरधाम |

इस तरह उपर दिये गये छत्‍तीसगढ़ के 15 जिलों में एक साथ , मुख्‍यमंत्री खाद्यान्‍न सहायता योजना आरंभ कर एक विश्‍ोष इतिहास रचा जा रहा है.

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Speech of Brijmohan Agrawal in Rice@3

Speech of Devji Bhai Patel in Rice@3

Speech of Rajnath Singh in Rice@3 at Raipur

Speech of Sunil Soni in Rice@3 at Raipur

Video of Rice@3 at Raipur Chhattisgarh

Video of Rice@3 Raipur Chhattisgarh

Videos of Rice@3 at Raipue Chhattisgarh

Videos of Rice@3 at Raipur Chhattisgarh

कवर्धा- कांकेर खाद्यान्न सुरक्षा योजना प्रारंभ

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कवर्धा और कांकेर में दोनों योजनाओं का शुभारंभ करते हुए तीन रूपए किलो में चावल वितरण की योजना के बारे में कहा कि छत्तीसगढ़ धान का कटोरा है। धान से चावल बनता है। चावल है तो मनुष्य की जान है और जान है तो जहान है। डॉ. रमन सिंह ने कहा कि गरीब भर पेट भोजन करे, इसी में प्रदेश और देश का कल्याण है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना का भी शुभारंभ किया। कवर्धा के कार्यक्रम में राज्य भण्डार गृह निगम अध्यक्ष डॉ. सियाराम साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री रघुराज सिंह और अन्य अनेक वरिष्ठ नेता मौजूद थे। कांकेर में आयोजित समारोह में संसदीय सचिव श्री देवलाल दुग्गा और लोकसभा सांसद श्री सोहन पोटाई समेत जिले के अनेक जन प्रतिनिधि भी मौजूद थे।

कोरबा- राजनांदगांव

उत्तरांचल के मुख्यमंत्री श्री भुवन चन्द्र खण्डूरी ने कोरबा में दोनों योजनाओं का शुभारंभ करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ के लाखों गरीबों के हित में रमन सरकार द्वारा शुरू की गई दोनों योजनाएं देश के अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणा स्त्रोत है। उन्होंने कहा कि गरीबों की भलाई के लिए राज्य सरकारों को किस प्रकार काम करना चाहिए, छत्तीसगढ़ की ये दोनों योजनाएं इसका उदाहरण है। कोरबा के कार्यक्रम में विधायक श्री ननकी राम कंवर, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती शकुन्तला कंवर, राज्य महिला आयोग की सदस्य सुश्री श्याम कंवर तथा कोरबा के महापौर श्री लखन देवांगन सहित पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष श्री बनवारी लाल अग्रवाल भी मौजूद थे। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने राजनांदगांव में आयोजित कार्यक्रम में कहा कि छत्तीसगढ़ में डॉ. रमन सिंह की सरकार गरीबों के लिए दो वक्त के भोजन के साथ मकानों का भी इन्तजाम कर रही है। श्री चौहान ने कहा कि पिछडेपन की पीडा से मुक्ति दिलाने के लिए तत्कालीन प्रधानमंत्री श्री अटलबिहारी बाजपेयी ने जन भावनाओं के अनुरूप छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया। यह नया राज्य मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में निरंतर प्रगतिपथ पर अग्रसर है। इस अवसर पर संसदीय सचिव श्री संजीव साह, छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम अध्यक्ष श्री अशोक शर्मा, पूर्व मंत्री श्री लीलाराम भोजवानी सहित अनेक जनप्रतिनिधि भी उपस्थित थे।

खाद्य विभाग के काल सेन्‍टर एवं जन भागीदारी वेब साइट का लोकार्पण

The web site can be accessed from here वेब साइट तक यहां से पहुंचे - खाद्य Food
Other sections
जनभागीदारी Citizen Participation
धान एवं चांवल उपार्जन - ऑनलाइन Paddy and Rice Online
सार्वजनिक वितरण प्रणाली - ऑनलाइन Public Distribution System Online
Rice@3 Food websiteRice@3 Food websiteLokarpan of Food websiteLokarpan of Food website

गरीबों के चावल को कालाबाजारी करने वाले जेल जाएंगे - श्री मूणत

लोक निर्माण एवं उद्योग राज्य मंत्री श्री राजेश मूणत ने प्रदेश के 34 लाख गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो की दर पर चावल उपलब्ध कराने के लिए 16 जनवरी से प्रारंभ हो रही मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के बारे में जानकारी देते हुए कहा कि गरीबों के चावल की कालाबाजारी करने वाले व्यक्तियों को राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत सीधे जेल भेजा जाएगा। श्री मूणत ने लोगों से आव्हान किया कि वे इस योजना में गड़बड़ी करने वालों की शिकायत करें।

लोक निर्माण एवं उद्योग राज्य मंत्री श्री राजेश मूणत ने आज राजधानी के विभिन्न क्षेत्रों में लगभग दो करोड़ रूपए लागत के निर्माण कार्यों की शुरूआत करते हुए कहा कि रायपुर शहर को राजधानी के रूप में विकास करने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को दलगत राजनीति से ऊपर उठकर आगे आना चाहिए।

लोक निर्माण राज्य मंत्री श्री मूणत ने आज राजधानी के विभिन्न हिस्सों में सघन दौरा कर दो करोड़ रूपए के निर्माण कार्यों का भूमिपूजन किया। श्री मूणत ने पंडरी वार्ड में दो लाख रूपए की लागत से बनने वाले सामुदायिक भवन का भूमिपूजन किया। उन्होंने पंडरी वार्ड में ही शीतला मंदिर तालाब के सौंदर्यीकरण कार्य तथा सुलभ शौचालय का भी भूमिपूजन किया। श्री मूणत ने कोटा वार्ड में लगभग 20 लाख रूपए की लागत से बनने वाली सीमेंट कांक्रीट सड़कों का भूमिपूजन कर इनके निर्माण की शुरूआत की। उन्होंने गुढ़ियारी में नगर निगम द्वारा दस लाख रूपए की लागत से बनाए जा रहे देवांगन समाज के सामुदायिक भवन का भी भूमिपूजन किया। इस अवसर पर महापौर श्री सुनील सोनी तथा आयुक्त नि:शक्तजन श्री प्रफुल्ल विश्वकर्मा भी उपस्थित थे।

श्री राजेश मूणत ने माना बस्ती क्षेत्र में 36 लाख रूपए की लागत से निर्मित होने वाली सीमेंट कांक्रीट सड़कों के निर्माण की शुरूआत की। उन्होंने उरकुरा में लगभग एक करोड़ रूपए की लागत से बनने वाली सीमेन्ट कांक्रीट सड़कों का भी भूमिपूजन किया। इन सभी अवसरों पर श्री मूणत ने उपस्थित जन समुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि रायपुर विधानसभा क्षेत्र में चार से पांच करोड़ रूपए के विकास कार्य हुए हैं। किसी-किसी वार्ड में तो सात-आठ करोड़ रूपए तक के विकास कार्य किए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि शहर का विकास तथा जनता की समस्याओं का निराकरण उनकी प्राथमिकता है और वे इसके लिए निरंतर प्रयासरत रहेंगे। पंडरी और कोटा वार्ड के नागरिकों ने उनके वार्डों में कराए गए विकास कार्यों के लिए श्री मूणत के प्रति आभार व्यक्त किया।

आज आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष श्री कुलदीप जुनेजा, पार्षद श्री संजय श्रीवास्तव, श्री गोपी साहू, श्रीमती कुंती बेहरा, श्रीमती उषा साहू, श्री प्रमोद साहू, श्रीमती अंजू तिवारी सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

छत्तीसगढ़ ने बनाया देश का पहला अनोखा वेबसाईट

लगभग 49.36 लाख राशन कार्ड धारकों और सात लाख किसानों सहित दस हजार से अधिक राशन दुकानों की सूची इसमें शामिल
रायपुर 21 जनवरी 2008
सार्वजनिक वितरण प्रणाली और समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के विशाल नेटवर्क में 57 लाख से अधिक लोगों की व्यक्तिवार जानकारी किसी वेबसाईट पर उपलब्ध कराने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य बन गया है। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह द्वारा आज सवेरे यहां अपने आवासीय कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में जिस जन-भागीदारी वेबसाईट का लोकार्पण किया गया, उसमें 49 लाख 36 हजार राशन कार्ड धारकों और समर्थन मूल्य पर नियमित रूप से धान बेचने वाले लगभग सात लाख किसानों की व्यक्तिवार जानकारी दर्ज है। इतना ही नहीं बल्कि इस वेबसाईट में दस हजार 400 राशन दुकानों, एक हजार 333 प्राथमिक सहकारी समितियों और एक हजार 530 धान उपार्जन केन्द्रों का व्यौरा भी आम जनता के लिए ऑन लाइन हो गया है।

सार्वजनिक वितरण प्राणाली और धान खरीदी के इस सरकारी कारोबार में पारदर्शिता, जन भागीदारी और जन निगरानी के लिए आधुनिक सूचना प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल करते हुए इस प्रकार का एक अनोखा वेबसाईट विकसित करने वाला छत्तीसगढ़ भारत का पहला राज्य बन गया है। इसके साथ ही देश में शायद पहली बार राशन दुकानों और धान खरीदी से संबंधित जन-शिकायतों को दर्ज करने, उचित मूल्य दुकानों के लिए राशन सामग्री के परिवहन और भण्डारण की दुकानवार मासिक जानकारी देने के लिए कॉल सेण्टर की स्थापना करने और मोबाईल पर एस.एम.एस. द्वारा लाखों सेल फोन धारकों तक यह जानकारी पहुंचाने की प्रणाली भी सबसे पहले छत्तीसगढ़ में आज से शुरू की गई है। इस वेबसाईट और कॉल सेण्टर का इस्तेमाल कोई भी नागरिक कहीं से भी आसानी से कर सकता है और राशन दुकानों के काम-काज तथा धान खरीदी से लेकर चावल बनाने के लिए होने वाली कस्टम मिलिंग की प्रक्रिया की ताजा स्थिति का ब्यौरा प्राप्त कर सकता है।

राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केन्द्र (एन.आई.सी.) की राज्य इकाई द्वारा इस जन भागीदारी वेबसाईट और कॉल सेण्टर की परिकल्पना को साकार किया गया है। कॉल सेंटर के इस नि:शुल्क दूरभाष नम्बर 1800-233-3663 पर राज्य का कोई भी व्यक्ति फोन कर सार्वजनिक वितरण प्रणाली एवं खाद्य विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर सकता है। छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के रायपुर स्थित मुख्य कार्यालय में यह कॉल सेंटर स्थापित किया गया है। यह शासकीय अवकाश के दिनों को छोड़कर अन्य दिनों में प्रतिदिन सुबह 8 से रात्रि 10 बजे चौदह घण्टे तक लगातार खुला रहेगा। कॉल सेंटर में दर्ज कराई जाने वाली शिकायत कॉल सेंटर के आपरेटरों द्वारा तत्काल इंटरनेट के माध्यम से संबंधित जिले के अधिकारियों को उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए सभी जिला खाद्य कार्यालय में प्रात: 8 बजे से रात्रि 10 बजे तक कार्य करने वाले कॉल सेंटर प्रकोष्ठ गठित किए गए है। इस प्रकोष्ठ में नियुक्त कर्मचारी इंटरनेट के माध्यम से प्राप्त शिकायतों की जानकारी तत्काल संबंधित अधिकारी को देगें। शिकायतों की जांच के लिए सभी जिला मुख्यालय तथा अनुविभाग स्तर पर उड़न दस्ते गठित किए गए है। शिकायत प्राप्त होते यह उड़न दस्ते तत्काल सक्रिय होकर कार्यवाही प्रारंभ कर देगें। शिकायत की जांच के बाद जिला स्तरीय अधिकारी द्वारा वेबसाईट में की गई कार्यवाही का विवरण दर्ज किया जायेगा। यह विवरण दर्ज करते ही खाद्य विभाग की वेबसाईट में उपलब्ध हो जाएगा। इसके आधार पर कॉल सेंटर द्वारा शिकायतकर्ता को उसके द्वारा की गई शिकायत पर कार्यवाही की जानकारी दी जाएगी।

इसी प्रकार जनभागीदारी की वेबसाईट www.cg.nic.in\citizen पर कोई भी व्यक्ति अपने मोबाइल फोन का पंजीजन करा कर एस.एम.एस. के माध्यम से राशन दुकान की जानकारी प्राप्त कर सकता है।

खाद्य और नागरिक आपूर्ति विभाग की वेबसाईट www.cg.nic.in\khadya के माध्यस से भी जन-भागीदारी वेबसाईट खोली जा सकती है। कोई भी व्यक्ति एक या एक से अधिक राशन दुकानों की जानकारी के लिए इस वेबसाईट पर जाकर अपने मोबाईल फोन नम्बर अथवा ई-मेल के पते का नि:शुल्क पंजीयन करा सकता है। पंजीयन कराने के बाद नागरिक खाद्य विभाग से संबंधित शिकायत ई-मेल के जरिए भी दर्ज करवा सकते हैं। पंजीयन की प्रक्रिया पूर्ण करने के बाद दर्ज मोबाइल नम्बर की पुष्टि के लिए उस पर एक एस.एम.एस. संबंधित वेबसाईट से भेजा जाएगा। मोबाईल धारक द्वारा कन्फर्मेशन के लिए अपने उत्तर के रूप " Yes ' टाइप कर भेजते ही उसका पंजीयन हो जाएगा। इसकी सूचना भी एस.एम.एस. के जरिए दी जाएगी। पंजीयन के बाद संबंधित व्यक्ति के मोबाइल नम्बर अथवा ई-मेल आईडी पर वांछित सूचनाएं प्राप्त होने लगेंगी। उसे छत्तीसगढ़ राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के प्रदाय केन्द्र से संबंधित राशन दुकान को राशन लेकर जाने वाले ट्रक का नम्बर , उसमें जा रहे चावल, गेहूं, शक्कर आदि की मात्रा, रवानगी की तारीख और समय की जानकारी एस.एम.एस. अथवा ई-मेल के जरिए मिल जाएगी। इस सूचना के आधार पर व्यक्ति संबंधित राशन दुकान में जाकर उसकी पुष्टि कर सकेगा।

छत्तीसगढ़ सरकार का मानवीय दृष्टिकोण है तीन रूपये किलो चावल योजना - श्री राजनाथ सिंह

वरिष्ठ नेता एवं पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने आज यहां राजधानी के सप्रे शाला मैदान में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना एवं दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार ने अपने चार वर्ष के कार्यकाल में असाधारण उपलब्धियां हासिल की है। बढ़ती हुई मंहगाई के युग में गरीबों को तीन रूपए प्रतिकिलो में चावल उपलब्ध कराने की योजना काफी राहत देने वाली है। श्री सिंह ने मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के तहत गरीब परिवारों को 35 किलो चावल के पैकेट तथा दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के तहत हितग्राहियों को आबादी पट्टों का वितरण कर इन योजनाओं का शुभारंभ किया।

सप्रे शाला मैदान में आयोजित समारोह में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि हर राज्य सरकार से यह अपेक्षा की जाती है कि वह लोगों के कल्याण के लिए काम करें। सरकार का दायित्व नागरिकों को सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध करना भी है। तीन रूपए प्रतिकिलो की दर से चावल मुहैया कराने की इस योजना में छत्तीसगढ़ सरकार की गहरी संवेदनशीलता और मानवीय दृष्टिकोण दिखाई देता है। राज्य के 34 लाख गरीब परिवारों को तीन रूपए प्रतिकिलो की दर से 35 किलो चावल उपलब्ध कराना छत्तीसगढ़ सरकार की असाधारण उपलब्धि है। इस तरह इस योजना में प्रदेश की 65 प्रतिशत आबादी को खाद्यान्न सुरक्षा मिलेगी। इससे यह सुनिश्चित हो गया है कि छत्तीसगढ़ में भूख से कोई भी व्यक्ति दम नहीं तोड़ेगा। बाजार में 14 रूपए किलो के भाव पर बिकने वाला चावल तीन रूपए में उपलब्ध कराना वाकई प्रशंसनीय है। खाद्यान्न सुरक्षा की इतनी बड़ी योजना देश के किसी भी राज्य में संचालित नहीं है। श्री सिंह ने कहा कि उन्हें मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने बताया है कि इस महत्वाकांक्षी एवं वृहद योजना में गड़बड़ी की आशंका को रोकने के लिए राज्य सरकार आगामी विधानसभा सत्र में एक विधेयक लाने जा रही है जिसके तहत इस योजना में गड़बड़ी करने वालों को सात वर्ष के कठोर कारावास का प्रावधान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार गरीब के पेट और किसान के खेत दोनों की चिंता करती है। इसीलिए किसानों से उनका धान सात रूपए में खरीदकर गरीबों को तीन रूपए की किलो की कीमत पर उपलब्ध करा रही है। श्री सिंह ने कहा कि दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के तहत गांव में बसने वाले आवासहीन ग्रामीण परिवारों को नौ सौ वर्गफुट के विकसित भू-खण्ड उपलब्ध कराना भी एक महत्वपूर्ण कार्य है। इस योजना के तहत प्रदेश के एक लाख आवासहीन ग्रामीणों को आवासीय भूमि के पट्टे वितरित किए जाएंगे। उन्होने छत्तीसगढ़ी को राजभाषा का दर्जा दिए जाने के राज्य सरकार के फैसले की तारीफ करते हुए राज्य सरकार की अन्य योजनाओं के तहत हासिल की गई उपलब्धियां भी गिनाई।

सांसद श्री रमेश बैस ने कहा कि देश में पहली बार इतने बड़े पैमाने पर 34 लाख गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो में चावल वितरण की योजना की शुरूवात की गई है। प्रदेश में आज एक साथ 15 जिलों में इस योजना का शुभारंभ किया जा रहा है। इसके साथ ही हर आवासहीन ग्रामीण परिवारों को आवासीय भूमि के पट्टे भी उपलब्ध कराये जा रहे है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में प्रदेश सरकार बहुत अच्छा कार्य कर रही है। पिछले चार वर्षो में जनकल्याण की अनेक उल्लेखनीय योजनाए प्रारंभ की गई है। राज्य में बेरोजगारों को सरकारी नौकरियों में भर्ती कर रोजगार उपलब्ध कराया गया है।

राजस्व,पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि देश के पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी ने जिस सपने को लेकर छत्तीसगढ़ राज्य बनाया था उसको मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में साकार किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ राज्य की गरीब जनता के हित में तीन रूपए प्रति किलो में गरीब परिवारों को 35 किलो चावल देने की योजना आज से प्रारंभ हो रही है। राज्य सरकार द्वारा तीन रूपए में चावल उपलब्ध कराने लगभग 900 करोड़ रूपए खर्च किये जा रहे है। रायपुर जिले में इस योजना से पौने चार लाख गरीब परिवार लाभांवित होंगे।

श्री अग्रवाल ने कहा कि दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना में आज से हम राज्य के एक लाख आवासहीन परिवारों को भूखंड का पट्टा वितरित करने के अभियान का शुभारंभ करने जा रहे है। रायपुर जिले में साढ़े चौदह हजार ग्रामीण आवासहीनों को आवासीय पट्टा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि 26 जनवरी से सभी विकासखण्डों को तहसील का दर्जा दिया जायेगा। अगले तीन माह में सभी भू-स्वामियों को बी-1 खसरा नि:शुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने गरीब वनवासियों के लिये प्रारंभ की गई योजना की विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि तेंदूपत्ता श्रमिकों को वर्ष 2007-08 में सौ करोड़ रूपए का बोनस दिया जाएगा। वन भूमि पर काबिज चार लाख परिवारों को वन भूमि के अधिकार पत्र वितरित किये जायेंगे। उन्होंने कहा कि गरीब, वनवासियों के हित में जंगल कटाई के गैर अपराधिक ढाई लाख प्रकरणों को वापस लिया गया है।

समारोह को छत्तीसगढ़ राज्य कृषि एवं बीज विकास निगम के अध्यक्ष श्री चन्द्रशेखर साहू, बेवरेज कार्पोरेशन के अध्यक्ष श्री सच्चिदानंद उपासने, विधायक श्री देवजी भाई पटेल, श्री चंदूलाल साहू, पूर्व विधायक श्री शिवरतन शर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री अशोक बजाज, महापौर श्री सुनील सोनी, रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री श्याम बैस, समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष श्रीमती हेमलता चन्द्राकर, विधायक श्री चंदूलाल साहू, जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक के अध्यक्ष श्री योगेश चन्द्राकर आदि ने भी सम्बोधित किया।

इस अवसर पर कार्यक्रम में सांसद श्री धर्मेन्द्र प्रधान, सांसद राज्य सभा श्री श्रीगोपाल व्यास, लोक निर्माण राज्य मंत्री श्री राजेश मूणत, उपाध्यक्ष श्री वर्धमान सुराना, विधायक श्री संजय ढीढी, राज्य हज कमेटी के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज, राज्य वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष हाजी सलीम अशरफी, उर्दू अकादमी के उपाध्यक्ष मिर्जा इसहाक बेग, वित्त आयोग के पूर्व अध्यक्ष श्री विरेन्द्र पाण्डे, आयुक्त नि:शक्तजन श्री प्रफुल्ल विश्वकर्मा, श्री सौदान सिंह, श्री राजीव अग्रवाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।

जशपुर-नारायणपुर खाद्यान्न सुरक्षा योजना प्रारंभ

जशपुर नगर में झारखण्ड के पूर्व मुख्यमंत्री श्री अर्जुन मुण्डा ने छत्तीसगढ़ सरकार की दोनों योजनाओं का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना को गरीबों के लिए वरदान बताया। उन्होंने कहा कि इस योजना में जाति बंधन को खत्म करना सचमुच अत्यंत सराहनीय है। जशपुर जिले में एक लाख से अधिक गरीब परिवारों को इस योजना का लाभ मिलेगा। जशपुर नगर के कार्यक्रम की अध्यक्षता आदिम जाति विकास मंत्री श्री गणेशराम भगत ने की इस अवसर पर राज्यसभा सांसद श्री दिलीप सिंह जूदेव, विधायक द्वय सर्वश्री राजशरण भगत और भरत साय, मनोनीत विधायक सुश्री रोजलीन बेकमेन, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती रायमुनि भगत और जिले के अनेक वरिष्ठ नेता भी उपस्थित थे। नवगठित नारायणपुर जिले में लोकसभा सांसद श्री बलिराम कश्यप ने आज मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि यह मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की सरकार की लोक हितैषी योजना है। श्री कश्यप ने कहा कि गांव, गरीब और किसानों के हिंतों की रक्षा के लिए छत्तीसगढ़ सरकार पूरी संवेदनशीलता से काम कर रही है। नारायणपुर जिले में 19 हजार से अधिक गरीब परिवारों को मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का लाभ मिलेगा। समारोह की अध्यक्षता अबूझमाड़ विकास अभिकरण के अध्यक्ष श्री मंगलराम उसेंडी ने की। कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष श्री मुरेन्द्र उसेंडी सहित अनेक पंचायत प्रतिनिधि मौजूद थे।

तीन रूपए किलो चावल से गरीबों के जीवन में आएगा बदलाव : डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी

उच्च शिक्षा राज्यमंत्री द्वारा बिलासपुर जिले के विभिन्न गांवों में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना और दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना का शुभारंभ
उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डॉ. कृष्णमूर्ति बांधी ने कहा है कि राज्य में गरीबी रेखा श्रेणी के 34 लाख परिवारों को तीन रूपए किलो की दर से चावल मिलने से उनके घरों में खुशहाली आएगी और इन गरीबों के जीवन में बदलाव आएगा। डॉ. बांधी ने कल बिलासपुर जिले के मस्तूरी में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के तहत चावल वितरण करते हुए इस आशय के विचार व्यक्त किए। उन्होंने मस्तूरी क्षेत्र के नौ गांवों जलसो, भरारी, मल्हार, बुढ़ीखार, जैतपुर, कोनी, मस्तुरी, जयरामनगर तथा पाराघाट में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के अंतर्गत तीन रूपये किलो की दर से 35 किलो चावल वितरण एवं दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के तहत् आवासहीन ग्रामीणों को नि:शुल्क आवासीय भूमि का पट्टा वितरण किया।

उन्होंने इस अवसर पर उपस्थित ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि हमारी सरकार ने गरीबों की मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए सभी प्रकार के उपाय किए हैं। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने छत्तीसगढ़ राज्य की गरीब जनता के दुख को समझकर तीन रूपये किलो की दर से सभी वर्ग के गरीब लोगों को 35 किलो चावल देने का निर्णय लिया। इससे उन्हें दोनों वक्त का भरपेट भोजन तो मिलेगा ही साथ ही कई गरीब परिवारों को नि:शुल्क आवासभूमि का पट्टा मिलने से उनके निवास की समस्या भी हल हो सकेगी। उन्होंने जनप्रतिनिधियों तथा आम नागरिकों से इस योजना की सतत् निगरानी करने का आग्रह भी किया। उच्च शिक्षा राज्यमंत्री ने आगाह किया कि गांव के गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले लोगों को तीन रूपये किलो में 35 किलो चावल उपलब्ध कराने कराने की इस योजना में किसी प्रकार की अनियमितता या कोताही को राज्य सरकार गंभीरता से लेगी। कार्यक्रम में डॉ. बांधी द्वारा ग्राम भरारी में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के हितग्राही जगतराम, पंचराम, मुन्ना, मुनीराम, तुलसीराम, सुनील तथा ग्राम जलसों में सहजराम, मालतीबाई, लक्ष्मण, बलराम आदि को तीन रूपये किलो की दर से 35 किलो चावल वितरण किया। उच्च शिक्षा मंत्री ने ग्राम कोनी में जगन्नाथ, गौतर, रामदयाल, हेमूराम, इलाही आदि एवं मस्तूरी में रूपदास, पुनीराम, राजकुमार, ईदल, विनोदकुमार, हाजरा बेगम, पुनीराम, सत्यनारायण, घासीराम, रबि खान, संतोष आदि को तीन रूपये किलो की दर से 35 किलो चावल प्रदान किया गया। इसी प्रकार जयरामनगर और पाराघाट के हितग्राहियों को चावल वितरण किया गया।

डॉ. बांधी ने दीनदयाल आवास योजना के अंतर्गत पट्टा वितरण करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ शासन राज्य के निर्धन एवं गरीब वर्ग के आवासहीन और जरूरतमंद लोगों को घर बनाने के लिए पट्टा वितरण किया जा रहा है, ताकि आवासहीनों को पट्टा उपलब्ध कराकर व्यवस्थित रूप से बसाया जा सके। उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. बांधी ने ग्राम कोनी में बिसाली, लालजी, बालमुकुंद ईश्वर, सखाराम, दुकालू, मिलाउ, राजकुमार, गौतम, मनुराम, दुआसाबाई, मस्तूरी में ज्योति, श्रीमती उर्मिला, भानुराम, रामअवतार, रामसिंह, ईश्वरी, रेवाराम, राजकुमार, कृष्णकुमार, रोहित, श्रीमती फजियाबाई आदि आवासहीनों को आवासीय भूमि का पट्टा वितरण किया। इस अवसर पर जिला पंचायत सदस्य श्री अमर सिंह और जनपद सदस्य श्री बंजारे सहित क्षेत्र के कई जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।

दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना गरीब आवासहीन परिवारों के लिए एक और नई सौगात - राजस्व मंत्री श्री अग्रवाल

छत्तीसगढ़ में गरीबी रेखा श्रेणी के आवासहीन ग्रामीण परिवारों को प्रदेश सरकार तीन रूपए किलो चावल के साथ एक और नई सौगात देने जा रही है। दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना नाम से 16 जनवरी 2008 से यह नई योजना शुरू हो रही है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत 88 हजार 596 परिवारों को मकान बनाने के लिए 900 वर्गफुट विकसित भूखण्ड नि:शुल्क दिए जाएंगे। इस परिवारों को भूखण्डों के पट्टे वितरण का कार्य पूरे प्रदेश में 16 जनवरी से प्रारंभ हो रहा है। फिलहाल बस्तर जिले को छोड़कर सभी जिला मुख्यालयों में आयोजित कार्यक्रमों में इस योजना का शुभारंभ किया जाएगा।

राजस्व मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने आज यहां बताया मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की मंशा के अनुरूप प्रदेश के इतिहास में पहली बार इतनी बड़ी संख्या में आवासहीन परिवारों को विकसित भूखण्ड उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने गांव, गरीब और किसानों के लिए अनेक योजनाएं शुरू की गई हैं। इन योजनाओं की श्रृंखला में दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना भी गरीब आवासहीन परिवारों के हित में महत्वपूर्ण साबित होगी। श्री अग्रवाल ने बताया कि आवासीय भूखण्ड चिन्हित परिवारों को उनके निवास के ग्राम में अथवा भूमि की उपलब्धता के अनुसार निकटवर्ती ग्राम में प्रदाय किये जाएंगे। प्रदेश के सभी चिन्हित आवासहीन परिवारों को आवासीय भूखण्ड के पट्टे देने के लिए पूरी तैयारी हो चुकी है। श्री अग्रवाल ने बताया कि आवासीय भूखण्ड के लिए चयनित स्थलों पर राज्य शासन के विभिन्न विभागों के सहयोग से पानी निकासी नाली, सड़क बिजली और पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध कराने व्यवस्था की जा रही है।

श्री अग्रवाल ने बताया कि दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के तहत रायपुर जिले में 14 हजार 864, महासमुंद जिले में तीन हजार 337, धमतरी जिले में एक हजार 105, दुर्ग जिले में नौ हजार 133, राजनांदगांव जिले में 04 हजार 121, कबीरधाम जिले में पांच हजार 12, उत्तर बस्तर (कांकेर) जिले में 759, दक्षिण बस्तर (दंतेवाड़ा) जिले में दो हजार 921, बिलासपुर जिले में आठ हजार 625, कोरबा जिले में एक हजार 775, जांजगीर चाम्पा जिले में 6 हजार 375, सरगुजा जिले में 10 हजार 436, कोरिया जिले में एक हजार 998, रायगढ़ जिले में 7 हजार 208, जशपुर जिले में 5 हजार 38 तथा नारायणपुर जिले में 55 तथा बीजापुर जिले में 943 आवासहीन गरीब परिवारों को भू-खण्ड आबंटित किया जाएगा।

दुर्ग- दक्षिण बस्तर (दन्तेवाड़ा) खाद्यान्न सुरक्षा योजना प्रारंभ

राजस्थान की मुख्यमंत्री श्रीमती वसुन्धरा राजे सिंधिया ने दुर्ग में आयोजित कार्यक्रम में जिले के लगभग साढ़े तीन लाख गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो के हिसाब से चावल वितरण की योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह विगत चार वर्ष में लघु एवं सीमान्त किसानों की ऋण मुक्ति, लाखों गरीब परिवारों को सिर्फ 25 पैसे किलो में अमृत नमक वितरण सहित गांव, गरीब और किसानों के लिए अनेक योजनाएं प्रारंभ कर उन्हें सफलतापूर्वक संचालित कर रहे हैं। श्रीमती वसुन्धरा राजे सिंधिया ने छत्तीसगढ़ को 'देव भूमि' की संज्ञा दी और कहा कि मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना तथा दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के माध्यम से गरीबों की आर्थिक बेहतरी का मार्ग आसान होगा और मुख्यमंत्री सहित छत्तीसगढ़ की सरकार को जनता का आशीर्वाद निरन्तर मिलेगा। दुर्ग में आयोजित कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष श्री प्रेम प्रकाश पाण्डेय और जल संसाधन मंत्री श्री हेमचन्द यादव ने भी अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में राज्य अनुसूचित जाति विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री दयालदास बघेल, विधायकगण सर्वश्री प्रीतम साहू और लाल महेन्द्र सिंह टेकाम, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती झमिता साहू, महापौर दुर्ग सुश्री सरोज पाण्डेय, महापौर भिलाई नगर श्री विद्यारतन भसीन और जिले के अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री बन्डारू दत्तात्रेय ने दन्तेवाड़ा में आयोजित कार्यक्रम में नक्सल प्रभावित दक्षिण बस्तर जिले के लगभग 66 हजार गरीब परिवारों के लिए मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में इस योजना की शुरूआत अन्य राज्यों के लिए भी प्रेरणादायक होगी। उन्होंने कहा कि देश में गरीबी दूर करना सबसे बड़ी चुनौती है, जिसे छत्तीसगढ़ की रमन सरकार ने बखूबी समझा है और गरीबों के लिए अनेक जन कल्याणकारी योजनाएं यहां शुरू की गई है। दन्तेवाड़ा में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए बिहार के उप मुख्यमंत्री श्री सुशील कुमार मोदी ने कहा कि छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है, जिसने 34 लाख गरीब परिवारों के लिए इतनी बड़ी योजना स्वयं के बजट से शुरू की है। इस अवसर पर ग्रामोद्योग और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी राज्य मंत्री श्री केदार कश्यप तथा विधायक श्री लच्छूराम कश्यप सहित अनेक जनप्रतिनिधि मौजूद थे।

धमतरी - जांजगीर-चांपा खाद्यान्न सुरक्षा योजना प्रारंभ

धमतरी में पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री विक्रम वर्मा ने इस योजना का शुभारंभ किया उन्होंने कहा कि यह छत्तीसगढ़ के गरीबों के लिए मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह और उनकी सरकार के संवेदनशील नजरिए का प्रमाण है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए पंचायत और ग्रामीण विकास मंत्री श्री अजय चन्द्राकर और विशेष अतिथि, धमतरी विधायक श्री इन्दर चोपड़ा ने भी जनता को संबोधित किया। पूर्व केन्द्रीय मंत्री डॉ. मुरली मनोहर जोशी ने जांजगीर-चांपा में आयोजित समारोह में दो लाख से अधिक गरीब परिवारों के लिए योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना से छत्तीसगढ़ का नाम देश के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में लिखा जाएगा। उन्होंने इस योजना के साथ दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना का भी शुभारंभ किया। जांजगीर-चांपा में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता लोकसभा सांसद श्रीमती करूणा शुक्ला ने की। इस अवसर पर कृषि मंत्री श्री मेघाराम साहू, संसदीय सचिव श्री छतराम देवांगन, राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष श्री नारायण चन्देल, विधायक श्री निर्मल सिन्हा और जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती कमलादेवी पाटले सहित अनेक जन प्रतिनिधि मौजूद थे।

धान का समर्थन मूल्य बढाने किसान भेजें प्रधानमंत्री को पोस्टकार्ड-डॉ. रमन

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने धान का समर्थन मूल्य बढाकर एक हजार रुपया क्विंटल करने प्रदेश के किसानों से प्रधानमंत्री को पोस्ट कार्ड भेजने का आग्रह किया है। डॉ. सिंह ने आज रायगढ़ जिले के विकासखण्ड मुख्यालय बरमकेला में नवगठित बरमकेला तहसील का शुभारंभ व लगभग 57 लाख रुपए की लागत से उन्मुक्त खेल मैदान, मंगल भवन व महिला विकास परियोजना कार्यालय का लोकार्पण करने के बाद वहां के नवनिर्मित स्टेडियम में विशाल जनसभा को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ सहित देश के सभी किसानों के चेहरे पर मुस्कान लाने के लिए धान का समर्थन मूल्य बढाकर 1 हजार रुपया होना चाहिए। उन्होंने कहा कि धान का कटोरा कहे जाने वाले छत्तीसगढ का किसान बारहों महीने कठोर परिश्रम कर अन्न का दाना पैदा करता है और किसान के घर-परिवार में खुशहाली लाने धान के पैदावार का सही दाम मिलना जरूरी है।

मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का उल्लेख करते हुए डॉ. रमन सिंह ने कहा कि गरीबों के दो वक्त के भरपेट भोजन का इंतजाम करने राज्य सरकार ने प्रदेश के 34 लाख गरीब परिवारों को 3 रुपए किलो में चावल देने की योजना शुरू की है। उन्होंने 3 रुपए किलो चावल योजना के हितग्राहियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि हर महीने गरीब को बिना किसी बाधा के चावल मिलेगा। केन्द्र सरकार द्वारा प्रदेश के एपीएल कोटे के चावल में कटौती करने पर नाराजगी जाहिर करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा 837 करोड व्यय कर गरीबों को 3 रुपए किलो चावल देने की पुख्ता व्यवस्था की है, साथ ही चावल वितरण योजना की कडी निगरानी भी की जा रही है।

मुख्यमंत्री डॉ. सिंह ने 40 सालों में हुए विकास व पिछले चार सालों में हुए विकास कार्य की तुलना करते हुए कहा कि शिक्षा, स्वास्थ्य, सडक, सिंचाई स्वरोजगार के क्षेत्र में पिछले चार सालों में चहुमुंखी विकास हुए है। उन्होंने कहा कि जनता के हित में काम करने के लिए साफ नीयत व सही नीति होना जरूरी है। पिछले चार सालों में जनता के पैसे को जनता के विकास में लगाने से गांव, गरीब व किसान को लाभ मिला है। 25 पैसे किलो में नमक व गरीब बालिकाओं को मुफ्त सायकल सरकार की संवेदनशीलता व सही नीति के साथ समाज के कमजोर तबके के विकास को दर्शाती है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ के 2 करोड लोगों के स्वाभिमान व गौरव के प्रतीक जन-जन की भाषा छत्तीसगढी को राज भाषा का दर्जा देकर जनभावना का राज्य सरकार ने सम्मान किया है।

इस अवसर पर पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा शालेय शिक्षा मंत्री अजय चंद्राकर ने मुक्तिधाम, निर्मला घाट, पुल-पुलिया, सडक, सरकारी भवनों का जिक्र करते हुए कहा कि पिछले चार सालों में पंचायत राज व्यवस्था के अंतर्गत गांव-गांव में बडे पैमाने पर सार्वजनिक परिसंपत्तियों का निर्माण किया गया है। प्रदेश के 20 हजार गांव में अधोसंरचना निर्माण का काम तेजी के साथ पूरे हो रहे है। उन्होंने कहा कि पिछले चार सालों में सभी क्षेत्रों में विकास के नये कीर्तिमान स्थापित हुए है। मुख्यमंत्री डॉ.रमन सिंह ने इस अवसर पर दीनदयाल आवास योजना के अंतर्गत 9 हितग्राही को पट्टे वितरित किए। इस अवसर पर विधायक विजय अग्रवाल, विधायक ओमप्रकाश राठिया, विधायक, निर्मल सिन्हा, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती तुलसी देवी रात्रे, जगन्नाथ पाणिग्राही, जवाहर नायक, रोशन अग्रवाल, लिंगेश्वर भोई उपस्थित थे।

पलायन की पीड़ा से मुक्ति दिलाएगी मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना खिसोरा की विशाल जनसभा में डॉ. रमन सिंह ने कहा

मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा है कि गरीबी की समस्या को जातियों के दायरे में रखकर हल नहीं किया जा सकता। आर्थिक दृष्टि से देखा जाए तो, वास्तव में गरीब की कोई जाति नहीं होती। गरीब सिर्फ गरीब होता है। यही कारण है कि राज्य सरकार ने जाति बंधन को समाप्त कर मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का विस्तार करते हुए अब उसमें सभी 34 लाख गरीब परिवारों को शामिल कर लिया है, ताकि प्रत्येक गरीब के घर में दो वक्त के भरपेट भोजन की समुचित व्यवस्था हो सके। यह योजना छत्तीसगढ़ के मेहनतकश गरीबों को पलायन की पीड़ा से भी मुक्ति दिलाएगी। राज्य में गरीबी रेखा श्रेणी के हर परिवार को इस योजना में अब तीन रूपए किलो के हिसाब से हर महीने 35 किलो चावल मिलेगा।

मुख्यमंत्री ने आज जांजगीर-चाम्पा जिले के विकासखण्ड बलौदा स्थित ग्राम खिसोरा में क्षेत्र की जनता को पांच करोड़ रूपए से भी अधिक राशि के विकास कार्यों की सौगात देते हुए यह बात कही। डॉ. सिंह ने इस अवसर पर विकासखण्ड मुख्यालय बलौदा में अगले सत्र से महाविद्यालय खोलने की भी घोषणा की। उन्होंने अनेक निर्माण और विकास कार्यो का भूमिपूजन तथा लोकार्पण किया। लोक सभा सांसद श्रीमती करूणा शुक्ला की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम में संसदीय सचिव श्री छतराम देवांगन, राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष श्री नारायण चंदेल, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती कमला देवी पाटले, विधायक द्वय सर्वश्री ननकीराम कंवर और निर्मल सिन्हा तथा कलेक्टर श्री आलोक अवस्थी सहित जिले के अनेक पंचायत प्रतिनिधि, प्रबुध्द नागरिक और प्रशासन के अनेक वरिष्ठ अधिकारी भी इस अवसर पर उपस्थित थे। मुख्य अतिथि की आसंदी से खिसोरा की विशाल जनसभा में डॉ. रमन सिंह ने मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना पर प्रकाश डालते हुए कहा कि चालू वित्तीय वर्ष 2007-08 में विगत अप्रैल माह से प्रारंभ इस योजना में अब तक अनुसूचित जातियों और जनजातियों के लगभग 19 लाख गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो के हिसाब से हर महीने 35 किलो चावल दिया जा रहा था। अब इसमें अन्य वर्गों के 15 लाख परिवार भी शामिल कर लिए गए हैं। इस प्रकार यह देश में गरीबों के लिए अपने किस्म की पहली सबसे बड़ी खाद्यान्न सुरक्षा योजना है। इसे शुरू करने का श्रेय छत्तीसगढ़ सरकार को है। हमारी सरकार इस योजना में हर साल 837 करोड़ रूपए खर्च करेगी। आगामी 16 जनवरी को इस योजना के नये स्वरूप में शुभारंभ के लिए जांजगीर-चाम्पा में भी विशेष कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उन्होंने इस कार्यक्रम में सभी लोगों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होने की अपील की। डॉ. रमन सिंह ने इस अवसर पर कहा कि गांवों का विकास और गरीबों के जीवन में खुशहाली लाना छत्तीसगढ़ सरकार का एकमात्र लक्ष्य है। पिछले चार वर्ष में इस दिशा में अनेक महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू की गयी हैं। राज्य के 32 लाख गरीब परिवारों को सिर्फ 25 पैसे प्रतिकिलो की दर से आयोडिन नमक दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को सिर्फ छह प्रतिशत ब्याज पर कृषि ऋण की सुविधा दी जा रही है। हर साल 12 लाख 50 हजार से अधिक तेंदूपत्ता संग्राहकों को नि:शुल्क चरणपादुकाओं का वितरण किया जा रहा है। किसानों के खेतों में सिंचाई की व्यवस्था के लिए राज्य सरकार ने तीन वर्ष में एक लाख नये पम्प कनेक्शन देने की विशेष कार्य योजना प्रारंभ कर पिछले दो वर्ष में 60 हजार से अधिक किसानों को इसका लाभ पहुंचाया है। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत हजारों गांवों को बारहमासी पक्की सड़कों से जोड़ा गया है। गांवों में बिजली, पानी, शिक्षा, सड़क और स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार हुआ है। लोकसभा सांसद श्रीमती करूणा शुक्ला ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में पिछले चार वर्ष में गरीबों के उत्थान के लिए अनेक ऐसी क्रांतिकारी योजनाएं शुरू की गयी हैं, जिनकी ओर पूरे देश का ध्यान आकर्षित हुआ है। छत्तीसगढ़ तेजी से विकास के मार्ग पर अग्रसर है। संसदीय सचिव श्री छतरात देवांगन और जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती कमला देवी पाटले ने भी इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त किए।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर ग्राम खिसोरा में एक करोड़ 55 लाख रूपए की लागत से बनने वाली मुख्यमार्ग-हरदी-कुरमा सड़क और एक करोड़ 24 लाख की पोंच-नवागांव सड़क सहित 40 लाख रूपए की लागत वाली मुख्यमार्ग-भिलाई सड़क, 29 लाख रूपए के लागत वाले आदिवासी प्री-मेट्रिक कन्या छात्रावास बलौदा, 18 लाख 49 हजार रूपए के सीमेंट कांक्रीट रोड, साढ़े छह लाख रूपए की लागत वाले ग्राम खिसोरा के खेल मैदान, ग्राम पंतोरा, बगडबरी तथा औरई खुर्द के मंगल भवन और तीस लाख रूपए की लागत वाले खिसोरा-नवागांव सड़क डामरीकरण से संबंधित कार्यों का भूमिपूजन और शिलान्यास किया। उन्होंने खिसोरा के लिए 34 लाख 41 हजार रूपए की लागत से निर्मित विद्युत उपकेन्द्र समेत ग्राम खेजा, खिसोरा, बछौद तथा रसौटा के उप स्वास्थ्य केन्द्र का भी लोकार्पण किया। इनमें से प्रत्येक उप स्वास्थ्य केन्द्र भवन का निर्माण पांच लाख 60 हजार रूपए की लागत से किया गया है। मुख्यमंत्री इस मौके पर खिसोरा में 27 लाख रूपए की लागत से निर्मित आदिवासी प्री-मेट्रिक बालक छात्रावास और दस लाख रूपए की लागत से निर्मित हाईस्कूल भवन का भी लोकार्पण किया। इसके अलावा उन्होंने 30 लाख रूपए की लागत के खिसोरा-नवापारा सड़क डामरीकरण कार्य का भी भूमिपूजन किया।

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पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा वरिष्ठ नेता श्री राजनाथ सिंह ने आज रायपुर के सप्रे शाला मैदान में आयोजित विशाल कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ सरकार के गरीबों को तीन रूपये किलो में हर माह 35 किलो चावल वितरण की महत्वाकांक्षी योजना का शुभारंभ किया। योजना के तहत गरीबों को चावल वितरित करते हुए श्री राजनाथ सिंह।बन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is createdबन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is created

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पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा वरिष्ठ नेता श्री राजनाथ सिंह ने आज रायपुर के सप्रे शाला मैदान में आयोजित विशाल कार्यक्रम में दीनदयाल आवास योजना के तहत गरीबों को आवासीय भूमि के पट्टे का वितरण किया।बन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is createdबन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is created

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मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने आज कवर्धा के आयोजित कार्यक्रम में राज्य शासन द्वारा गरीबों के लिए शुरू की गई तीन रूपये किलो में चावल वितरण कार्यक्रम का शुभारंभ किया।बन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is createdबन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is created

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पूर्व केन्द्रीय मंत्री तथा वरिष्ठ नेता श्री राजनाथ सिंह ने आज रायपुर के सप्रे शाला मैदान में आयोजित चावल वितरण समारोह को सम्बोधित किया।बन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is createdबन गया इतिहास , लिख गे इतिहास मां , History is created

बैकुण्ठपुर - महासमुंद खाद्यान्न सुरक्षा योजना प्रारंभ

पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री रविशंकर प्रसाद ने कोरिया जिले के मुख्यालय बैकुण्ठपुर में गरीब परिवारों के लिए मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का शुभारंभ करते हुए इसे छत्तीसगढ़ के गरीबों के लिए डॉ. रमन सिंह की सरकार की एक महत्वपूर्ण सौगात बताया। श्री प्रसाद ने कहा कि जाति बंधन से परे सभी वर्गों के गरीबों के लिए तीन रूपए किलो में चावल देने की यह योजना राज्य सरकार की संवेदनशीलता को प्रकट करती है। समारोह की अध्यक्षता जिला पंचायत अध्यक्ष श्री फलेन्द्र सिंह ने की इस अवसर पर जिले के अनेक पंचायत प्रतिनिधि भी उपस्थित थे। महासमुंद में आयोजित कार्यक्रम महाराष्ट्र के पूर्व उपमुख्यमंत्री श्री गोपीनाथ मुण्डे ने जिले के गरीबों के लिए तीन रूपए किलो में चावल वितरण की योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि यह मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह की सरकार का एक अभूतपूर्व तथा क्रांतिकारी फैसला है। महासमुन्द जिले में डेढ़ लाख से अधिक गरीब परिवारों को इस योजना का लाभ मिलेगा। वहां इस योजना के शुभारंभ समारोह में संसदीय सचिव डॉ. त्रिविक्रम भोई ने स्वागत भाषण दिया। संसदीय सचिव श्री पूनम चन्द्राकर की अध्यक्षता में आयोजित समारोह में राज्यसभा सांसद श्रीगोपाल व्यास और छत्तीसगढ़ बीज एवं कृषि विकास निगम के अध्यक्ष श्री चन्द्रशेखर साहू ने भी अपने विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर विधायक द्वय सर्वश्री त्रिलोचन पटेल और प्रीतम सिंह दीवान, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री छतरसिंह नायक और अन्य अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी

छापामार शैली में होगी राशन दुकानों की जांच
सभी जिलों में उड़न दस्तों का गठन होगा
खाद्य अधिकारियों की राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक
राशन कार्डों की जांच के लिए विशेष अभियान चलेगा
छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में सार्वजनिक वितरण प्रणाली में और अधिक कसावट लाने तथा सम्पूर्ण प्रणाली पर लगातार निगाह रखने के लिए खाद्य और नागरिक आपूर्ति विभाग द्वारा उड़नदस्तों का गठन किया जाएगा। इनमें खाद्य विभाग के जिला स्तरीय अधिकारियों सहित खाद्य निरीक्षकों और जरूरत पड़ने पर अन्य विभागों के अधिकारियों को भी शामिल किया जाएगा।

विभाग के सचिव डॉ. आलोक शुक्ला ने आज यहां मंत्रालय में खाद्य अधिकारियों की राज्य स्तरीय बैठक में उन्हें उड़न दस्तों के गठन की कार्रवाई जल्द सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। खाद्य सचिव ने बैठक में कहा कि इस प्रकार के उड़न दस्ते जिलों की आवश्यकता के अनुरूप तहसील स्तर पर भी बनाए जाएंगे। ये उड़न दस्ते छापामार शैली में उचित मूल्य की दुकानों में पहुंचकर अनाज, शक्कर और मिट्टी तेल वितरण व्यवस्था का जायजा लेंगे। राज्य शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता के तहत मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना में गरीबों को तीन रूपए किलो चावल वितरण की प्रक्रिया पर भी उड़न दस्ते अपनी पैनी निगाह रखेंगे। उनके द्वारा फर्जी राशन कार्डों के बारे में भी शिकायतों की त्वरित जांच कर दोषी लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किए जाएंगे। ऐसे फर्जी कार्डों को तत्काल निरस्त भी किया जाएगा।

खाद्य सचिव ने बैठक में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना की प्रगति और इस योजना के विस्तार के लिए चल रही तैयारियों की जिलेवार पूरी जानकारी ली। उन्होंने खाद्य अधिकारियों से कहा कि इस योजना में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डॉ. शुक्ला ने खाद्य अधिकारियों से कहा कि विभाग के सभी मैदानी अधिकारियों को अपने-अपने कार्य क्षेत्र की राशन दुकानों का निरीक्षण नियमित रूप से करना चाहिए। निरीक्षण में उदासीनता को शासन द्वारा गंभीरता से लिया जाएगा और ऐसे उदासीन अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।

डॉ. शुक्ला ने बैठक में कहा कि राज्य में राशन कार्डों की जांच के लिए भी उड़न दस्तों के माध्यम से विशेष अभियान चलाया जाएगा। जांच में अपात्र पाये जाने वाले राशन कार्डों को निरस्त कर दिया जाएगा। निरस्त किए गए राशन कार्ड मूलत: राजधानी स्थित खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति संचालनालय को भेजे जाएंगे, ताकि उन्हें कम्प्यूटरों में दर्ज राशन कार्डधारकों की डाटा बेस जानकारी से हटाया जा सके। उन्होंने बताया कि फरवरी 2008 से खाद्यान्न का आबंटन इस डाटा बेस के आधार पर ही जारी किया जाएगा। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की वेबसाईट पर जिलों में राशन कार्डों की संख्या डेटा बेस में होगी। जिला खाद्य अधिकारी कार्डवार जानकारी का प्रिंट आउट लेने के बाद इसका विश्लेषण करें। जिन राशन कार्डों को हटाना हो वे मूलत: संचालनालय खाद्य कार्यवाई के लिए भेजे। इस डाटा बेस जानकारी को खाद्य निरीक्षक से सत्यापित भी करवाएं। यदि इसके बाद भी अनियमितता होगी तो संबंधित खाद्य निरीक्षक जवाबदेह होगा।

डॉ. आलोक शुक्ला ने खाद्य अधिकारियों से कहा कि मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना वृहद स्वरूप में शुरू हो रही है। योजना की सफलता की जिम्मेदारी हम सभी पर है। योजना के सफल संचालन के लिए चावल पात्रता रखने वाले सभी परिवारों तक उचित मूल्य, गुणवत्ता और निश्चित मात्रा में पहुंचना जरूरी है। फिलहाल जगदलपुर (बस्तर) को छोड़कर प्रदेश के अन्य सभी जिला मुख्यालयों में 16 जनवरी को एक साथ आयोजन किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने इस आयोजन में शामिल होने के लिए आम जनता को हिन्दी और छत्तीसगढ़ी भाषाओं में पत्र लिख कर आमंत्रित किया है। मुख्यमंत्री का आमंत्रण पत्र 16 जनवरी के पहले आम जनता तक पहुंचे इसके लिए गांवों में कोटवार, पटवारी, पंचायत सचिव की सेवाएं ली जाए। योजना का प्रचार-प्रसार कर लोगों को इससे होने वाले लाभ की जानकारी दी जाए।

डॉ. शुक्ला ने बताया कि खाद्यान्न सामग्री का डिलेवरी आर्डर इंटरनेट पर जारी किया जा रहा है। आगामी माह से चालान भी इंटरनेट से ही जारी होगा। प्रस्तावित टोल-फ्री कॉल सेंटर नागरिक आपूर्ति निगम के कार्यालय में प्रारंभ होगा। यहां तीन व्यक्तियों की डयूटी लगेगी तथा कम्प्यूटर एवं टेलीफोन होगा। टोल फ्री कॉल सेंटर का दूरभाष नम्बर पूरे प्रदेश के लिए एक ही होगा। पी.सी.ओ. से भी फोन करने पर कोई पैसा नहीं लगेगा। कोई भी नागरिक इस कॉल सेंटर में शिकायत दर्ज करा सकेगा। इस कॉल सेंटर की सेवा सुबह 8 बजे से रात्रि 8 बजे तक होगी। कम्प्यूटर पर शिकायत को दर्ज कर संबंधित जिलों को तत्काल भेजा जाएगा।

खाद्य सचिव ने कहा कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली और मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना से संबंधित शिकायतों निराकरण समय सीमा में करना होगा। कोई भी मोबाइल धारक खाद्य और नागरिक आपूर्ति विभाग की वेबसाइट पर जाकर किसी भी दुकान के नाम पते के साथ यदि पंजीयन करवा ले तो उस दुकान के लिए जारी होने वाले राशन के आवंटन, ,खाद्यान्न के उठाव और दुकान तक परिवहन तथा भंडारण की तारीखवार संक्षिप्त जानकारी संबंधित वाहन के नम्बर सहित एस.एम.एस. के जरिए हर महीने मिल जाएगी।

मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना वीडियो कॉन्फ्रेसिंग से हुई तैयारियों की समीक्षा

राज्य में मुख्यमंत्री खाद्यान्न योजना के विस्तार के साथ ही लगभग 34 लाख गरीब परिवारों को आगामी 16 जनवरी से 3 रूपए प्रतिकिलो की दर से चावल उपलब्ध कराने के लिए व्यापक तैयारियां की जा रही है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के सचिव डॉ. आलोक शुक्ला ने आज यहां मंत्रालय में वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्यम से जिला कलेक्टरों से जानकारी लेकर तैयारियों की समीक्षा की। डॉ. आलोक शुक्ला ने जिला कलेक्टरों को योजना के तहत गरीब परिवारों को वितरित किए जाने वाले चावल का भंडारण एवं वितरण सुनिश्चित कराने, प्रत्येक जिला मुख्यालय से राशन दुकानों तक व्यापक प्रचार-प्रसार कर योजना में शामिल परिवारों को इससे होने वाले लाभ की जानकारी देने और शेष बचे राशन कार्डों का वितरण अतिशीघ्र कराने के निर्देश दिए।

वीडियो कान्फ्रेसिंग में जिला कलेक्टरों ने बताया कि विस्तारित योजना के शुभारंभ की सभी तैयारियां युध्द स्तर पर की जा रही है। जनप्रतिनिधियों के साथ बैठकें हो चुकी है। जिले में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। योजना के संबंध में गांवों में मुनादी कराई जा रही है। खाद्यान्न का भंडारण अंतिम चरण में है। योजना में शामिल होने वाले पीले और केसरिया कार्डधारकों के राशन कार्डों पर तीन रूपये किलो चावल देने की मोहर लगाने का काम तेजी से किया जा रहा। अधिकांश राशन कार्डों का वितरण हो चुका है। जिला और विकासखण्ड स्तर पर बैठक आयोजित कर संबंधितों को आवश्यक निर्देश दिए जा चुके हैं।

वीडियो कान्फ्रेसिंग में खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के विशेष सचिव डॉ. बी.एस. अनंत सहित वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।

राजस्व मंत्री तथा उत्तर बस्तर जिले के प्रभारी मंत्री श्री अग्रवाल ने कांकेर में जिला अधिकारियों की बैठक ली

राजस्व मंत्री तथा उत्तर बस्तर (कांकेर) जिले के प्रभारी श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कल कांकेर में विभिन्न विभागों के जिला अधिकारियों की बैठक लेकर सोलह जनवरी 2008 को कांकेर जिले में विस्तारित मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना तथा दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के शुभारंभ के लिए आयोजित होने वाले कार्यक्रम की तैयारियों की समीक्षा की।

श्री अग्रवाल ने बैठक में कहा कि मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना और दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। गांव, गरीब और किसानों की इस सरकार द्वारा गरीबों के व्यापक हित में ये योजनाएं शुरू की जा रही है। श्री अग्रवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के तहत जिले के पात्र सभी परिवारों को निर्धारित मात्रा और दर पर खाद्यान्न वितरण की व्यवस्था सुनिश्चित कर ली जाए।

श्री अग्रवाल ने जिले में दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के लिए चिन्हित परिवारों की संख्या की विकासखण्डवार जानकारी ली। उन्होंने कहा कि आवासहीन गरीब परिवारों को आवास निर्माण के लिए 900 वर्गफुट नि:शुल्क भूखण्ड दिया जाना है। इसके लिए आरक्षित जमीन के पास पानी निकासी नाली, पेयजल, सड़क और बिजली जैसी मूलभूत सुविधाएं राज्य शासन की विभिन्न योजनाओं के तहत विकसित करने कार्ययोजना तैयार कर ली जाए।

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि 16 जनवरी 2008 को कांकेर के मेला मैदान में मुख्य कार्यक्रम का आयोजन 12 बजे से किया जाएगा। इस कार्यक्रम में विस्तारित मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के 11 हितग्राहियों को चावल तथा दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के 11 हितग्राहियों को भूखण्ड के पट्टे वितरित किए जाएंगे। श्री अग्रवाल ने कार्यक्रम में आने वाले लोगों की बैठक व्यवस्था, भोजन और पेयजल, कार्यक्रम स्थल में आने-जाने के लिए सुगम रास्ता, पार्किंग, सुरक्षा, चिकित्सा आदि की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए।

बैठक में कलेक्टर कांकेर श्री के.आर.पिस्दा, पुलिस अधीक्षक श्री रतनलाल डांगी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

राजस्व मंत्री श्री अग्रवाल ने सप्रे शाला मैदान में कार्यक्रम स्थल का अवलोकन किया

राज्यसभा सांसद श्रीमती सुषमा स्वराज 16 जनवरी 2008 को रायपुर जिले में मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना के तहत गरीब परिवारों को तीन रूपए किलो में चावल वितरण तथा दीनदयाल ग्रामीण आवास योजना के तहत पट्टा वितरण कार्यक्रम का शुभारंभ करेंगी। यह कार्यक्रम स्थानीय सप्रे शाला मैदान में दोपहर एक बजे से शुरू होगा। राजस्व मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने आज सप्रे शाला मैदान पहुंच कर कार्यक्रम आयोजित करने के लिए की जा रही तैयारियों का अवलोकन किया। इस अवसर पर कलेक्टर रायपुर श्री विकास शील, पुलिस अधीक्षक श्री अमित कुमार, आयुक्त नि:शक्तजन श्री प्रफुल्ल विश्वकर्मा, पार्षद श्री संजय श्रीवास्तव, श्री राजीव अग्रवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि व अनेक वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

राजस्व मंत्री श्री अग्रवाल ने कार्यक्रम स्थल में मंच व्यवस्था, आम लोगों की बैठक व्यवस्था, सुरक्षा, बेरिकेटिंग, पेयजल व्यवस्था आदि के संबंध में अधिकारियों से जानकारी ली। उन्होंने सप्रे शाला मैदान में साफ-सफाई की समुचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने बताया कि मैदान में प्रवेश करने के लिए चार द्वार बनाये जा रहे हैं। तीन द्वार आम जनता के आने-जाने के लिए रखा गया है। श्याम टाकीज की ओर का पहला प्रवेश द्वार विशिष्ट एवं अति विशिष्ट व्यक्तियों के लिए निर्धारित है। मंच के पीछे विशिष्ट एवं अति विशिष्ट व्यक्तियों के वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था रहेगी। श्री अग्रवाल ने मंच के दांयी और बांयी ओर 500-500 कुर्सियों की व्यवस्था करने के निर्देश दिए। महिलाओं के बैठने के लिए दो सेक्टर बनाये जा रहे हैं। श्री अग्रवाल ने कार्यक्रम स्थल में पर्याप्त मात्रा में बेरिकेटिंग लगाकर आम लोगों के लिए सुविधाजनक व्यवस्था करने अधिकारियों को निर्देशित किया। राजस्व मंत्री ने समस्त व्यवस्था 15 जनवरी की शाम 4 बजे तक पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं।

राजस्व मंत्री श्री अग्रवाल ने इसके बाद मंत्रालय स्थित अपने कक्ष में जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक लेकर कार्यक्रम के सुव्यवस्थित आयोजन के लिए जरूरी निर्देश दिए।

रायपुर-बिलासपुर खाद्यान्न सुरक्षा योजना प्रारंभ

राजधानी रायपुर के सप्रे स्कूल मैदान में आयोजित समारोह में वरिष्ठ नेता और पूर्व केन्द्रीय मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने रायपुर जिले के तीन लाख 74 हजार गरीब परिवारों के लिए और बिलासपुर में लगभग तीन लाख 88 हजार गरीब परिवार के लिए मुख्यमंत्री खाद्यान्न सहायता योजना का शुभारंभ करते हुए कहा कि बढ़ती हुई महंगाई के इस दौर में छत्तीसगढ़ सरकार ने गरीबों को सिर्फ तीन रूपए किलो के अत्यंत किफायती मूल्य पर हर महीने 35 किलो चावल देने की योजना संचालित करते हुए एक पुण्य का कार्य किया है।

श्री राजनाथ सिंह ने कहा कि लोकतंत्र में गरीबों को भोजन के लिए पर्याप्त अनाज और रहने के लिए आवासीय सुविधा देना किसी भी सरकार की सबसे बड़ी सामाजिक जिम्मेदारी होती है